कठुआ (जम्मू):-कठुआ के उपायुक्त (DC) राजेश शर्मा की अध्यक्षता में जून 2026 की तिमाही के लिए 'जिला स्तरीय समीक्षा समिति' (DLRC) और 'जिला परामर्श समिति' (DCC) की बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जिले के बैंकिंग प्रदर्शन और ऋण वितरण (क्रेडिट फ्लो) की गहन समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने क्रेडिट-डिपॉजिट (CD) अनुपात, किसान क्रेडिट कार्ड (KCC), PMEGP, NRLM स्वयं सहायता समूहों (SHGs), प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY) और अन्य ऋण-आधारित योजनाओं की प्रगति का जायजा लिया। जिले के वर्तमान CD अनुपात 52.03% पर संज्ञान लेते हुए डीसी ने सभी बैंकों को बैंक-विशिष्ट कार्ययोजना (Action Plan) तैयार करने और चालू वित्तीय वर्ष के अंत तक इसे बढ़ाकर न्यूनतम 60% करने के स्पष्ट निर्देश दिए।
उपायुक्त ने बैंकों को प्रायोजित ऋण मामलों का तेजी से निपटारा करने और राशि जारी करने, ऋण योजनाओं के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के तहत वित्तीय समावेशन का दायरा विस्तृत करने का निर्देश दिया। उन्होंने बैंकों और संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ परिणामोन्मुखी दृष्टिकोण अपनाने को कहा, जिससे जिले में ऋण वितरण तंत्र मजबूत हो सके और आर्थिक गतिविधियों को गति मिले।
बैठक में उपस्थित भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) के एलडीओ अमनदीप सिंह ने बिना बैंक वाले ग्रामीण केंद्रों में बैंकिंग सुविधाएं सुदृढ़ करने तथा निष्क्रिय बीसी (BC)/सीएसपी (CSP) को सक्रिय करने पर बल दिया। वहीं, नाबार्ड के डीडीएम निपुण शर्मा ने कृषि और संबंधित क्षेत्रों को बढ़ावा देने के लिए एआईएफ (AIF), एएमआई (AMI) और ई-एनडब्ल्यूआर (e-NWR) वित्तपोषण जैसी पहलों को रेखांकित किया।
इस बैठक में एसबीआई एलडीएम कठुआ अमन जसरोटिया सहित विभिन्न बैंकों के वरिष्ठ अधिकारी और संबंधित सरकारी विभागों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
.jpeg)